Haryana

रोहतक: नगर निगम धरातल पर नहीं मिल रही डी प्लान की डेढ़ करोड़ की 22 गलियां, आदेश- गलियां ढूंढो, फिर टेंडर लगाना


रोहतक नगर निगम।
– फोटो : अमर उजाला

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रोहतक शहर को स्मार्ट सिटी बनाने का दावा करने वाले नगर निगम में अधिकारी व पार्षद विकास को लेकर उलझे हुए हैं। निगम की इंजीनियरिंग ब्रांच ने आयुक्त को पत्र लिखकर बताया है कि डी प्लान के तहत बनाई जाने वाली 22 गलियां नहीं मिल रही है।

आयुक्त ने साफ किया है कि पहले साइट देखकर आएं, उसके बाद ही टेंडर लगवाएं। उधर, डिप्टी मेयर अनिल कुमार व तीन अन्य पार्षदों का दावा है कि वे निगम के अधिकारियों को साइट दिखा चुके हैं। अधिकारी विकास कार्य न कराने के लिए बहानेबाजी कर रहे हैं। 

पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के कार्यकाल में साल 2010 में नगर परिषद को भंग करके नगर निगम बनाया गया था। तभी से ही निगम कभी फर्नीचर खरीद-फरोख्त तो कभी विकास कार्यों की अनियमितताओं में रहा है। अब एक नया बवाल खड़ा हो गया है।

निगम प्रशासन के मुताबिक शहर में विकास कार्यों को कराने के लिए डी प्लान के तहत स्पेशल बजट आया है। एडीसी की अध्यक्षता में डी प्लान के तहत विकास कार्य करवाये जाते हैं। इसके लिए गठित कमेटी को विकास कार्य कराने के लिए अर्जी दी जाती है। नगर निगम के वार्ड नंबर 21 के पार्षद एवं डिप्टी मेयर अनिल कुमार, वार्ड 20 की महिला पार्षद पूनम किलोई, वार्ड 18 की महिला पार्षद दीपिका नारा व वार्ड एक के पार्षद कृष्ण कुमार सहरावत की तरफ से निगम में डी प्लान के तहत काम कराने के लिए गलियों की सूची दी गई।

निगम ने एडीसी कार्यालय में सूची भेजी, वहां से सूची दोबारा निगम में भेजी गई। निगम के आला अधिकारियों का दावा है कि तीन माह से चारों पार्षदों को साइट दिखाने के लिए कह रहे हैं, लेकिन अभी तक साइट नहीं दिखाई गई। ऐसे में अब पत्र भेजकर साइट दिखाने के लिए कहा गया है। 

गलियों की साइट ढूंढने के लिए एक स्पेशल जेई की ड्यूटी लगाई गई है। साइट मिलने के बाद गली निर्माण कार्य का प्लान बनेगा। उसके बाद ही टेंडर लग सकेगा। निगम आयुक्त को अवगत करवा दिया है।  – मनदीप धनखड़, कार्यकारी अभियंता, नगर निगम

डी प्लान के तहत गलियों के निर्माण कार्य के लिए गलियों की सूची दी थी, लेकिन निगम ने दी माह बाद भी गलियों का निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाया। जेई को बुलाकर साइट दिखा दी गई थी। अब बहानेबाजी की जा रही है। सबको बता है कि उसके वार्ड में एससी व बीसी समुदाय की चौपाल कहां है। – अनिल कुमार डिप्टी मेयर नगर निगम

जेई को बुलाकर तीन माह पहले गलियों की साइट दिखाई थी। इसके बावजूद बहानेबाजी की जा रही है। जनप्रतिनिधियों पर ही सवाल उठाए जा रहे हैं, ऐसा व्यवहार उचित नहीं है।  – प्रदीप नारा, पार्षद पति वार्ड नंबर 18

मेरे वार्ड के अंदर कन्हेली रोड पर एससी समुदाय की चौपाल है, जहां काम कराया जाना है। दूसरी गलियों को भी अच्छी तरह से जेई को दिखा दिया था। अब फोन आया है कि साइट दिखाओ। तीन दिन व्यस्त हूं। आते ही गलियां दिखा दूंगा। – सूरजमल किलोई, पार्षद पति वार्ड नंबर 20

आधी गलियां दिखा चुका हूं और बाकी दो दिन में दिखा दूंगा। बेवजह पार्षदों पर सवाल उठाए जा रहे हैं, ताकि विकास कार्यो न कराने के सवालों का जवाब न देना पड़े। – कृष्ण सहरावत, पार्षद वार्ड नंबर एक 

डी प्लान के तहत कराए जाने वाले कामों की सूचना एडीसी कार्यालय से वापस निगम के पास आई है। निगम तभी काम करवा सकेगा, जब साइट दिखाई जाएंगी। निगम आयुक्त ने पार्षदों को कोई पत्र जारी किया है, इसका मुझे पता नहीं है। – मनमोहन गोयल, मेयर नगर निगम

निगम को दो माह से बताई गई 22 गलियों की साइट नहीं मिल रही है। इंजीनियरिंग ब्रांच को साफ हिदायत दी है कि चारों वार्डों की दी गई गलियों की साइट मौके पर जाकर देखें और फोटो लेकर आएं। तभी डी प्लान के तहत टेंडर लगाए जाएं। निगम पार्षदों को भी साइट दिखाने के लिए पत्र भेजा गया है। – धीरेंद्र खड़गटा, आयुक्त नगर निगम

ये गलियों की सूची
वार्ड 1
कार्य    लागत (लाखों में)
1. भाट धर्मशाला में दो हॉल का निर्माण    12.00
2.  शास्त्री नगर की चौपाल में डिस्पेंसरी निर्माण    9.50
3. लालू के घर से दीपक के घर तक की गली, शिव नगर    7.50
4. नरेश के घर से हेमंत के घर तक शिव नगर    6.00
5. प्रदीप के घर से दूसरे प्रदीप के घर तक, सैनिक कॉलोनी    6.00
6. एससी चौपाल, सिंहपुरा रोड    9.00

वार्ड 18
1. मरम्मत भिवानी चुंगी सरकुलर रोड से भाटिया अस्पताल तक    2.50
2. चरवाल से देवीशंकर मकान तक गली निर्माण    7.00
3. रवींद्र के मकान से जयकिशन राजोतियां तक    6.00
4. रितेश सिंहपुरिया वाली गली    5.00

वार्ड 20
1. कम्यूनिटी सेंटर की मरम्मत    8.50
2. एकता कॉलोनी में रामभगत से मानव धर्मशाला तक गली    6.00
3. राजीव नगर में रामनारायण के घर से राजीव के घर तक गली    4.75
4. एकता कॉलोनी में निजी स्कूल से लेकर कंवाल सिंह के घर तक गली    4.75
5. राजीव नगर में अजीत बालाजी के पास की गली    4.75
6. झज्जर रोड पर हजारी से दयानंद के घर तक गली निर्माण  3.00
7. एकता कॉलोनी में एससी चौपाल की मरम्मत    9.50

वार्ड 21 
1. तंवर वाली गली, शीतल नगर    7.00
2. शीतल नगर में खोखर के मकान से प्रवीण तक    8.00
3. शीतल नगर में अनिल से अमित के घर तक गली    8.00
4. शिव मंदिर वाली गली    8.00
5. एससी-बीसी वाली चौपाल    8.00

विस्तार

रोहतक शहर को स्मार्ट सिटी बनाने का दावा करने वाले नगर निगम में अधिकारी व पार्षद विकास को लेकर उलझे हुए हैं। निगम की इंजीनियरिंग ब्रांच ने आयुक्त को पत्र लिखकर बताया है कि डी प्लान के तहत बनाई जाने वाली 22 गलियां नहीं मिल रही है।

आयुक्त ने साफ किया है कि पहले साइट देखकर आएं, उसके बाद ही टेंडर लगवाएं। उधर, डिप्टी मेयर अनिल कुमार व तीन अन्य पार्षदों का दावा है कि वे निगम के अधिकारियों को साइट दिखा चुके हैं। अधिकारी विकास कार्य न कराने के लिए बहानेबाजी कर रहे हैं। 

पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के कार्यकाल में साल 2010 में नगर परिषद को भंग करके नगर निगम बनाया गया था। तभी से ही निगम कभी फर्नीचर खरीद-फरोख्त तो कभी विकास कार्यों की अनियमितताओं में रहा है। अब एक नया बवाल खड़ा हो गया है।

निगम प्रशासन के मुताबिक शहर में विकास कार्यों को कराने के लिए डी प्लान के तहत स्पेशल बजट आया है। एडीसी की अध्यक्षता में डी प्लान के तहत विकास कार्य करवाये जाते हैं। इसके लिए गठित कमेटी को विकास कार्य कराने के लिए अर्जी दी जाती है। नगर निगम के वार्ड नंबर 21 के पार्षद एवं डिप्टी मेयर अनिल कुमार, वार्ड 20 की महिला पार्षद पूनम किलोई, वार्ड 18 की महिला पार्षद दीपिका नारा व वार्ड एक के पार्षद कृष्ण कुमार सहरावत की तरफ से निगम में डी प्लान के तहत काम कराने के लिए गलियों की सूची दी गई।

निगम ने एडीसी कार्यालय में सूची भेजी, वहां से सूची दोबारा निगम में भेजी गई। निगम के आला अधिकारियों का दावा है कि तीन माह से चारों पार्षदों को साइट दिखाने के लिए कह रहे हैं, लेकिन अभी तक साइट नहीं दिखाई गई। ऐसे में अब पत्र भेजकर साइट दिखाने के लिए कहा गया है। 

गलियों की साइट ढूंढने के लिए एक स्पेशल जेई की ड्यूटी लगाई गई है। साइट मिलने के बाद गली निर्माण कार्य का प्लान बनेगा। उसके बाद ही टेंडर लग सकेगा। निगम आयुक्त को अवगत करवा दिया है।  – मनदीप धनखड़, कार्यकारी अभियंता, नगर निगम

डी प्लान के तहत गलियों के निर्माण कार्य के लिए गलियों की सूची दी थी, लेकिन निगम ने दी माह बाद भी गलियों का निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाया। जेई को बुलाकर साइट दिखा दी गई थी। अब बहानेबाजी की जा रही है। सबको बता है कि उसके वार्ड में एससी व बीसी समुदाय की चौपाल कहां है। – अनिल कुमार डिप्टी मेयर नगर निगम

जेई को बुलाकर तीन माह पहले गलियों की साइट दिखाई थी। इसके बावजूद बहानेबाजी की जा रही है। जनप्रतिनिधियों पर ही सवाल उठाए जा रहे हैं, ऐसा व्यवहार उचित नहीं है।  – प्रदीप नारा, पार्षद पति वार्ड नंबर 18

मेरे वार्ड के अंदर कन्हेली रोड पर एससी समुदाय की चौपाल है, जहां काम कराया जाना है। दूसरी गलियों को भी अच्छी तरह से जेई को दिखा दिया था। अब फोन आया है कि साइट दिखाओ। तीन दिन व्यस्त हूं। आते ही गलियां दिखा दूंगा। – सूरजमल किलोई, पार्षद पति वार्ड नंबर 20

आधी गलियां दिखा चुका हूं और बाकी दो दिन में दिखा दूंगा। बेवजह पार्षदों पर सवाल उठाए जा रहे हैं, ताकि विकास कार्यो न कराने के सवालों का जवाब न देना पड़े। – कृष्ण सहरावत, पार्षद वार्ड नंबर एक 

डी प्लान के तहत कराए जाने वाले कामों की सूचना एडीसी कार्यालय से वापस निगम के पास आई है। निगम तभी काम करवा सकेगा, जब साइट दिखाई जाएंगी। निगम आयुक्त ने पार्षदों को कोई पत्र जारी किया है, इसका मुझे पता नहीं है। – मनमोहन गोयल, मेयर नगर निगम

निगम को दो माह से बताई गई 22 गलियों की साइट नहीं मिल रही है। इंजीनियरिंग ब्रांच को साफ हिदायत दी है कि चारों वार्डों की दी गई गलियों की साइट मौके पर जाकर देखें और फोटो लेकर आएं। तभी डी प्लान के तहत टेंडर लगाए जाएं। निगम पार्षदों को भी साइट दिखाने के लिए पत्र भेजा गया है। – धीरेंद्र खड़गटा, आयुक्त नगर निगम

ये गलियों की सूची

वार्ड 1

कार्य    लागत (लाखों में)

1. भाट धर्मशाला में दो हॉल का निर्माण    12.00

2.  शास्त्री नगर की चौपाल में डिस्पेंसरी निर्माण    9.50

3. लालू के घर से दीपक के घर तक की गली, शिव नगर    7.50

4. नरेश के घर से हेमंत के घर तक शिव नगर    6.00

5. प्रदीप के घर से दूसरे प्रदीप के घर तक, सैनिक कॉलोनी    6.00

6. एससी चौपाल, सिंहपुरा रोड    9.00

वार्ड 18

1. मरम्मत भिवानी चुंगी सरकुलर रोड से भाटिया अस्पताल तक    2.50

2. चरवाल से देवीशंकर मकान तक गली निर्माण    7.00

3. रवींद्र के मकान से जयकिशन राजोतियां तक    6.00

4. रितेश सिंहपुरिया वाली गली    5.00

वार्ड 20

1. कम्यूनिटी सेंटर की मरम्मत    8.50

2. एकता कॉलोनी में रामभगत से मानव धर्मशाला तक गली    6.00

3. राजीव नगर में रामनारायण के घर से राजीव के घर तक गली    4.75

4. एकता कॉलोनी में निजी स्कूल से लेकर कंवाल सिंह के घर तक गली    4.75

5. राजीव नगर में अजीत बालाजी के पास की गली    4.75

6. झज्जर रोड पर हजारी से दयानंद के घर तक गली निर्माण  3.00

7. एकता कॉलोनी में एससी चौपाल की मरम्मत    9.50

वार्ड 21 

1. तंवर वाली गली, शीतल नगर    7.00

2. शीतल नगर में खोखर के मकान से प्रवीण तक    8.00

3. शीतल नगर में अनिल से अमित के घर तक गली    8.00

4. शिव मंदिर वाली गली    8.00

5. एससी-बीसी वाली चौपाल    8.00




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